12 रबी-उल-अव्वल पर विशेष : आपकी बेशत तमाम मखलूकात के लिए रहमत
आप सल. की तसरीफ आवरी ने कुफ्र व जलालत के अंधेरे में ऐक नूर की किरण जलाई आप सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की जिंदगी तमाम इंसानों के लिए नमूना रियासत अली सिद्दीकी, रामकोट रामकोट/सीतापुर। जब इंसान कुफ्र जलालत व गुमराही (अल्लाह को भूलकर) में जिंदगी गुजार रहा था और अपने माबूदे हकीकी (अल्लाह) को भूला हुआ था। इंसान इंसानियत का दुश्मन बन चुका था लूटमार, जुआ, … Continue reading 12 रबी-उल-अव्वल पर विशेष : आपकी बेशत तमाम मखलूकात के लिए रहमत
