वीरगाथा प्रोजेक्ट के तहत दिल्ली पब्लिक स्कूल सीतापुर के छात्रों ने वीरता पुरस्कार विजेता अमर शहीद कैप्टन मनोज पांडे के गांव रूढ़ा का दौरा किया ।
सीतापुर: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, सीबीएसई की ओर से वीर गाथा परियोजना 2.0 शुरू की गई है। संबद्ध स्कूलों के छात्रों को वीरता पुरस्कार विजेताओं पर कई परियोजनाएं शुरू करनी होंगी और सर्वश्रेष्ठ प्रोजेक्ट को रक्षा और शिक्षा मंत्रालयों की ओर से राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित किया जाएगा। इसके तहत देशभर के स्कूलों में वीर गाथा प्रोजेक्ट के तहत प्रतियोगिता आयोजित की जा रही है। इसी क्रम में आज दिल्ली पब्लिक स्कूल सीतापुर के छात्रों ने वीरता पुरस्कार विजेता (परमवीर चक्र) अमर शहीद कैप्टन मनोज पांडे के गांव रुढ़ा पहुंचकर उनके परिजनों से मुलाकात की ।

प्राचार्य आर. के. सिंह के मार्गदर्शन एवं प्रोजेक्ट समन्वयक पवन यादव के नेतृत्व में डीपीएस सीतापुर के विधार्थियो शांभवी मिश्रा, काव्यांशी मिश्रा, हर्षित बाजपेयी, माहीन नकवी, दीपेश, कुशाग्र द्वारा वीरता पुरस्कार विजेता शहीद कैप्टन मनोज पांडे की कहानी पर प्रोजेक्ट प्रस्तुत किया जा रहा है । जिसके क्रम में छात्रों ने अमर शहीद कैप्टन मनोज पांडे के गांव रूढ़ा पहुंचकर उनके परिजनों से उनके जीवन के बारे में जाना । साथ ही छात्रों ने उनके गांव स्थित प्रतिमा पर पहुंचकर शहीद कैप्टन मनोज पांडे को याद किया । साथ ही गांव स्थित स्मृति द्वार का भ्रमण भी किया ।
इस अवसर पर दिल्ली पब्लिक स्कूल सीतापुर के प्राचार्य आर. के. सिंह ने कहा कि सीबीएसई द्वारा शुरू किए गए वीरगाथा प्रोजेक्ट के तहत स्कूली छात्रों को सशस्त्र बलों के जवानों, अधिकारियों और आम नागरिकों की बहादुरी से परिचित कराने के लिए केंद्र सरकार ने ‘वीर गाथा प्रोजेक्ट’ की शुरुआत की है। ये प्रोजेक्ट देश के वीरों के जीवन एवं बलिदान की कहानियों के जरिये छात्रों में बहादुरी की भावना को प्रगाढ़ बनायेगा । साथ ही इस प्रोजेक्ट के तहत छात्रों को अपना टैलेंट दिखाने का अवसर भी मिलेगा ।
