बिसवां, सीतापुर । नगर के मदरसा अल जामिअतुल फुर्कानिया ब्वायज में जलसा दस्तारबंदी का आयोजन हुआ। मुख्य अतिथि के तौर पर मौलाना मुफ्ती नियाज अहमद नदवी दारुल उलूम नदवतुल उलेमा (नदवा विश्वविद्यालय) ने संबोधित करते हुए कहा कि अल्लाह के रसूल स०अ०स० ने फरमाया कि कुरान का पढ़ना सबसे बेहतरीन अमल व सुन्नत है । कुरान पाक के हर- हर हर्फ पर 10 नेकियां मिलती है। कुरआन हिफ्ज़ करने पर उसके मां-बाप को इज्जत का ताज आखिरत में पहनाया जाएगा, पर हमेशा कुरआन अपने सीने में जिंदा रखना होगा ।
कार्यक्रम का आगाज कुरआन पाक की तिलावत कारी सलाहुद्दीन व हाफिज शराफत की नाते पाक से हुआ। मौलाना जावेद इकबाल नदवी ,इमाम ईदगाह बिसवां ने भी संबोधित किया ।
संचालन मौलाना जलीस अहमद दिलकश ने किया। स्कूली बच्चों द्वारा हिंदी, अंग्रेजी व अरबी में भाषण दिया गया। उक्त मदरसे से फारिग 20 विद्यार्थियों को उनके अभिभावक के समक्ष उलमा-ए- किराम ने पगड़ी बांधकर प्रमाण पत्र व उपहार प्रदान किए। कार्यक्रम आयोजक मौलाना आसिम इकबाल नदवी के द्वारा आगंतुकों के प्रति आभार व्यक्त किया गया। उक्त अवसर पर डॉ तव्वकुल हुसैन ,मुफ्ती अब्दुल्लाह गजाली नदवी , मुफ्ती शरीफ, मौलाना सलमान नदवी, वहाजुद्दीन , सिराज अहमद , डॉ शाहिद इकबाल के अलावा समस्त स्टाफ व गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। प्रोग्राम का अंत मुफ्ती नियाज़ अहमद नदवी की देश में अमन,भाई -चारगी, तरक्की की दुआ पर हुआ।
