सीतापुर: जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं को दुरुस्त करने के लिए डॉ. राजागणपति आर. ने सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र नैमिषारण्य का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई व्यवस्थागत खामियां सामने आईं, जिस पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताई।
टीबी कक्ष में गंदगी पर फटकार
डीएम ने टीबी कक्ष का निरीक्षण किया, जहां साफ-सफाई की स्थिति खराब पाई गई। इस पर प्रभारी चिकित्सा अधिकारी जयप्रकाश पटेल को तत्काल सफाई कराने और उसी दिन फोटो प्रस्तुत करने के सख्त निर्देश दिए।
स्वास्थ्य जानकारी में लापरवाही उजागर
परामर्शदाता गायत्री देवी से हेपेटाइटिस व गर्भवती महिलाओं के उपचार संबंधी जानकारी ली गई। हीमोग्लोबिन कम होने की स्थिति पर संतोषजनक जवाब न मिलने पर डीएम ने कड़ी फटकार लगाई।
लैब और दवा स्टोर में अनियमितताएं
लैब निरीक्षण के दौरान जांचों की प्रक्रिया और रिकॉर्ड व्यवस्था में कमी पाई गई। दवा भंडारण कक्ष में स्टॉक रजिस्टर अपडेट न होने पर तत्काल सुधार के निर्देश दिए गए।
रिकॉर्ड प्रबंधन पर जोर
पंजीकरण कक्ष में 189 मरीजों का पंजीकरण दर्ज मिला। डीएम ने CBC, एक्स-रे और विडाल जैसी जांचों का अलग-अलग रजिस्टर में सुव्यवस्थित रिकॉर्ड रखने के निर्देश दिए।
वार्डों में गंदगी, कर्मचारियों को चेतावनी
ओपीडी, इमरजेंसी, डेंटल और लेबर रूम के निरीक्षण में भी खामियां सामने आईं। विशेषकर लेबर रूम और ऊपरी मंजिलों पर गंदगी मिलने पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।
सीएमओ को भी निर्देश
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. सुरेश कुमार को निर्देशित किया गया कि अस्पताल में आने वाले मरीजों को स्वच्छ और बेहतर वातावरण में इलाज मिलना सुनिश्चित किया जाए।
निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।
