चंद्रपुर, 20 मार्च: लोकसभा चुनावों की रणभेरी बज चुकी है। सभी प्रत्याशी अपनी अपनी जीत सुनिश्चित करने के लिए जनता से बडे बडे वादे करने के साथ कई तरह के हल्के बोल बोल रहे है। ऐसा ही मामला सामने आया है महाराष्ट्र के चंद्रपुर से लोकसभा चुनाव लड़ रहे भाजपा प्रत्याशी और महाराष्ट्र सरकार में मंत्री रहे सुधीर मुनगंटीवार का।
बड़बोलेपन के लिए विख्यात मुनगंटीवार ने पार्टी कैडर में अपना रुतबा दिखाने के चक्कर में बड़े बोल कह दिए। दरअसल मंगलवार को चंद्रपुर लोकसभा प्रत्याशी के तौर पर वो संसदीय क्षेत्र में पार्टी कार्यक्रम में कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रहे थे उसी दौरान उन्होंने कहा कि मैं तो चुनाव ही नहीं लड़ रहा था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुझसे आग्रह किया इसलिए मै चुनाव लड रहां हूँ ।
भाजपा प्रत्याशी के मुँह से ये बात सुनकर कार्यक्रम में मौजूद सभी लोग सन्न रह गये। बाद में जैसे ही मीडिया में ये विडियो वायरल हुआ तो मुनगंटीवार की हर तरफ़ आलोचना होने लगी।
मीडिया से बात करते हुए भाजपा के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर कहा कि अपनी गिरी हुई छवि को चमकाने के लिए मुनगंटीवार ने बयान दिया है, उनका से दांव उत्टा पड़ेगा । उन्होंने कहा कि बीते 10 साल में प्रधानमंत्री ने तो कभी इनको मिलने का समय भी नहीं दिया। 2014 में चंद्रपुर के किसी कार्यक्रम में पीएम के साथ खिंचाई हुई फोटो को बार बार अपने सोशल मीडिया अकाउंट में डालते रहते है ये बात किसी से छुपी नहीं है। इस तरह सीधे तौर प्रधानमंत्री का नाम लेकर से दावा करना कि “मोदी जी ने आग्रह कर मुझे टिकट दिया!” ये सरासर गलत बयान है।
ग़ौरतलब है कि सुधीर मुनगंटीवार चंद्रपुर में बल्लारपुर से विधायक का चुनाव जीतकर महाराष्ट्र सरकार में वन मंत्री बने थे। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार लॉबिंग करके मुनगंटीवार ने लोकसभा की टिकट तो ले ली लेकिन अब कार्यक्रमों में कम होती भीड़ से डरकर इस तरह के भ्रामक बयान देकर खुद को बडा बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
मुनगंटीवार के इस बयान का पार्टी हाईकमान क्या संज्ञान लेगा ये तो आने वाले दिनों में पता चलेगा लेकिन बयान बहादुर बनने के चक्कर में ये कहना कि प्रधानमंत्री ने मुझे चुनाव लड़ने का आग्रह किया था इस तरह से ओछे शब्द बोलतर वो चंद्रपुर की जनता की नजर में वो जरुर हल्के हो गए है।
