आयुष्मान पखवाड़ा में 5183 परिवारों के 14599 गोल्डन कार्ड बने
सीतापुर: प्रदेश में अधिक से अधिक लोगों को आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना व मुख्यमंत्री जन आरोग्य अभियान के तहत पांच लाख रूपये तक का मुफ्त इलाज मुहैया कराने पर सरकार का पूरा जोर है। इसी को ध्यान में रखते हुए 26 जुलाई से 10 अगस्त तक पूरे प्रदेश में विशेष अभियान के तहत आयुष्मान पखवाड़ा मनाया गया। इसमें खासकर उन पात्र लाभार्थी परिवारों पर विशेष ध्यान दिया गया जिनके किसी भी सदस्य का आयुष्मान कार्ड (गोल्डन कार्ड) नहीं बना है। इस पखवाड़े में प्रदेश में करीब 1.95 लाख परिवारों को कवर करते हुए करीब 5.45 लाख गोल्डन कार्ड बनाये गए।
सीएमओ डॉ. मधु गैरोला का कहना है कि जीरो गोल्डन कार्ड विलेज ड्राइव के तहत चलाये गए पखवारे (26 जुलाई-10 अगस्त) में मुख्य ध्यान शून्य गोल्डन कार्ड वाले परिवार पर रहा। जिले के 5183 परिवारों के 14599 कार्ड बनाएं गए हैं। कार्ड बनाने के मामले में सीतापुर जिला सूबे में आठवें पायदान पर है।
क्या है आयुष्मान भारत योजना
सीएमओ डॉ. मधु गैरोला ने बताया कि आयुष्मान भारत योजना देश में कमजोर वर्ग के लोगों को मुफ्त में सालाना पांच लाख रूपये तक की बीमा कवरेज मुहैया कराती है। यह दुनिया की सबसे बड़ी और पूरी तरह से सरकारी खर्च पर चलने वाली स्वास्थ्य बीमा योजना है। इसमें 1000 से ज्यादा कैंसर और दिल की बीमारी जैसी कई गंभीर बीमारियों के लिए प्रदेश के करीब 2900 सूचीबद्ध सरकारी और निजी अस्पतालों में मुफ्त इलाज की सुविधा उपलब्ध है। जिस पात्र लाभार्थी के पास आयुष्मान कार्ड है वह छोटी से लेकर बड़ी बीमारियों तक का इलाज अस्पताल में भर्ती होकर करवा सकते हैं बीमारी की स्थिति में सभी मेडिकल जांच, ऑपरेशन, इलाज व दवा का खर्च इसके तहत कवर होता है। अगर कोई व्यक्ति कार्ड बनने से पहले से बीमार है तो भी उसका इलाज इस योजना के अंतर्गत होगा। इन बीमारियों में मैटरनल हेल्थ और सी-सेक्शन या उच्च जोखिम प्रसव की सुविधा, नवजात और बच्चों के स्वास्थ्य, कैंसर, टीवी, कीमोथेरपी, रेडिएशन थेरेपी, हार्ट बाईपास सर्जरी, न्यूरो सर्जरी, दांतों की सर्जरी, आंखों की सर्जरी, एमआरआई, सीटी स्कैन, दिल की बीमारी, किडनी, लीवर, डायबीटीज, कोरोनरी बायपास, घुटना प्रत्यारोपण, स्टंट डालना, आंख, नाक, कान और गले से संबंधित बीमारी आदि शामिल हैं। इसके साथ ही अस्पताल में एडमिट होने से पहले व बाद के खर्च भी इस हेल्थ बीमा में कवर किए जा रहे हैं।
